उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान आज रुड़की से विधायक प्रदीप बत्रा ने अपने क्षेत्र से जुड़े कई अहम मुद्दे सदन में उठाए। उन्होंने नियम 53 के अंतर्गत रुड़की शहर में दो रोडवेज बस अड्डों के निर्माण की मांग की।विधायक प्रदीप बत्रा ने बताया कि रुड़की एक ऐतिहासिक शहर है, जिसे गंगा नहर द्वारा पूर्वी और पश्चिमी भागों में विभाजित किया गया है। इस विशेष भौगोलिक संरचना के कारण नगर में यातायात और परिवहन व्यवस्था को सुव्यवस्थित करना अत्यंत आवश्यक है।रुड़की से होकर दो प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्ग गुजरते हैं –1. एनएच-334 (पुराना एनएच-58), जिससे दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश से पर्यटक व यात्री प्रवेश करते हैं। इसके लिए अब्दुल कलाम चौक के पास बस अड्डा निर्माण प्रस्तावित है।2. एनएच-72, जिससे हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब से यात्री आते हैं। इसके लिए सालियर के पास बस अड्डा निर्माण की आवश्यकता बताई गई।प्रदीप बत्रा ने सरकार से अनुरोध किया कि रुड़की में दोनों ओर एक-एक बस अड्डा बनाया जाए, जिससे यात्री सुविधाएं बेहतर हों और ट्रैफिक व्यवस्था को राहत मिले।UPCL अभियंताओं की पदोन्नति पर चिंतानियम 300 के अंतर्गत विधायक बत्रा ने उत्तराखण्ड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPCL) में लंबे समय से लंबित अधिशासी अभियंता पदों की रिक्तियों का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने बताया कि विभाग में 93 स्वीकृत पदों में से 40 पद रिक्त हैं।उन्होंने कहा कि वर्ष 2008-09 में नियुक्त 38 सहायक अभियंता, जिन्होंने लगभग 16 वर्षों तक सेवा दी है, अब तक एक भी पदोन्नति नहीं प्राप्त कर पाए हैं। इनमें से 33 अभियंता उत्तराखण्ड मूल निवासी हैं। श्री बत्रा ने सरकार से मांग की कि इन अभियंताओं को शीघ्र पदोन्नति देकर न्याय दिलाया जाए।जनहित से जुड़े अन्य प्रश्न भी किए गए प्रस्तुतसत्र के दौरान तारांकित व अतारांकित प्रश्नों के माध्यम से विधायक श्री बत्रा ने अन्य जनहित के विषय भी उठाए:तारांकित प्रश्न: खाद्य सुरक्षा योजना उत्तराखण्ड में लागू क्यों नहीं हो पा रही है? साथ ही सफेद राशन कार्डों की संख्या बढ़ाने के लिए सरकार की क्या योजना है?अतारांकित प्रश्न: महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स अकादमी, देहरादून में राज्य के प्रत्येक जिले व ब्लॉक से कितने बच्चों का चयन हुआ है और किस-किस खेल में उन्हें प्रवेश दिया गया है? विधायक ने मांग की कि प्रदेश के सभी प्रतिभावान बच्चों को खेलों में उचित अवसर मिलना चाहिए।




