राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के पदाधिकारियों ने हाल ही में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर दिवाली से पहले राज्य कर्मचारियों को बोनस और तीन प्रतिशत बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता (डीए) देने की मांग की। परिषद ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में डीए में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है, और उसी अनुरूप राज्य सरकार को भी यह लाभ अपने कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से प्रदान करना चाहिए, ताकि वे अपने परिवारों के साथ हर्षोल्लास के साथ दिवाली मना सकें।
बढ़ती महंगाई के बीच राहत की उम्मीद
कर्मचारी प्रतिनिधियों ने कहा कि वर्तमान समय में महंगाई लगातार बढ़ रही है। आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में हो रही वृद्धि के कारण कर्मचारियों का घरेलू बजट प्रभावित हो रहा है। ऐसे में तीन प्रतिशत डीए की बढ़ोतरी कर्मचारियों को एक बड़ी राहत प्रदान करेगी। परिषद के पदाधिकारियों का कहना है कि त्योहारों का यह समय सभी के लिए खुशी और उत्सव का अवसर होता है, और यदि सरकार इस अवधि में बोनस तथा डीए की घोषणा करती है, तो यह न केवल आर्थिक सहायता का काम करेगी, बल्कि कर्मचारियों के मनोबल को भी बढ़ाएगी।
मुख्यमंत्री धामी से सकारात्मक उम्मीदें
मुख्यमंत्री से हुई भेंट के दौरान परिषद ने यह भी कहा कि राज्य सरकार हमेशा से कर्मचारी हितैषी रही है। पिछले वर्षों में भी मुख्यमंत्री धामी ने त्योहारों से पहले कर्मचारियों को बोनस देने का निर्णय लेकर एक सकारात्मक संदेश दिया था। इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस बार भी सरकार से उम्मीद की जा रही है कि वह कर्मचारियों की मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी। कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि केंद्र सरकार की तरह राज्य में भी बढ़ा हुआ डीए तुरंत लागू किया जाए, जिससे हजारों परिवारों को दिवाली से पहले आर्थिक संबल मिल सके।
सामाजिक और आर्थिक दृष्टि से अहम निर्णय
कर्मचारियों का कहना था कि यह निर्णय केवल आर्थिक दृष्टि से नहीं, बल्कि सामाजिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण होगा। त्योहारों के अवसर पर जब अधिकांश परिवार अपनी खुशियों की तैयारी में जुटे हैं, तब राज्य कर्मचारियों को भी अपने परिश्रम का उचित प्रतिफल मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि दिवाली केवल दीपों का त्योहार नहीं, बल्कि उम्मीद, एकता और प्रसन्नता का प्रतीक है। यदि सरकार इस शुभ अवसर से पहले कर्मचारियों को बोनस और डीए देती है, तो यह उनके जीवन में सच्चे अर्थों में “दीपावली” का उजाला भर देगा।
राज्य की अर्थव्यवस्था को भी मिलेगा लाभ
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने यह भी कहा कि सरकार के इस कदम से न केवल कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था को भी गति मिलेगी। त्योहारों के दौरान बाजारों में खरीदारी बढ़ेगी, जिससे व्यापारियों और स्थानीय उद्योगों को भी लाभ होगा। इस प्रकार यह निर्णय व्यापक आर्थिक प्रभाव वाला सिद्ध होगा।
कर्मचारियों को मुख्यमंत्री से उम्मीद
कर्मचारी संगठनों ने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री धामी कर्मचारियों की भावनाओं को समझते हुए जल्द निर्णय लेंगे। उनका कहना है कि सरकार और कर्मचारियों के बीच विश्वास और सहयोग का यह रिश्ता राज्य की प्रगति की मजबूत नींव है। यदि बोनस और बढ़ा हुआ डीए दिवाली से पहले जारी किया जाता है, तो यह निर्णय सरकार की संवेदनशीलता और कर्मचारियों के प्रति प्रतिबद्धता का उदाहरण बनेगा। कर्मचारियों को उम्मीद है कि इस बार भी मुख्यमंत्री धामी उन्हें दिवाली से पहले खुशियों का तोहफा देंगे।



